Wednesday, 30 December 2015

दिल्ली का सफर : पुराना किला और चिड़ियाघर , दिल्ली


दिनांक :२६ दिसंबर 


क्रिश्मस की इन्ही छुट्टियों के सिलसिले में आज का सफर दिल्ली के पुराना किला और चिड़ियाघर  या जू या राष्ट्रीय प्राणि उद्यान देखने का था  अपने प्रोग्राम के अनुसार मेरे मित्र अजय जी को कल गुडगाँव किसी काम के सिलसिले में जाना पड़ा इसलिए आज इस यात्रा के  सफर में मै अकेला ही था 

आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि दिल्ली का चिड़ियाघर और पुराना किला दोनों पास में ही है और प्रगति मैदान मेट्रो स्टेशन से :००  किलोमीटर की दूरी पर है  चिड़िया घर के सामने ही एक मस्जिद और शेरशाह का दरवाजा भी ऐतिहासिक स्थल है  सुबह ११ बजे निकल कर मेट्रो सेक्टर १५ और यमुना बैंक होते हुए लगभग १२:४० बजे पुराना किले पहुंचे  मेरे साथ ही दो अन्य मित्र भी इस किले और चिड़ियाघर ही देखने आये थे  प्रगति मैदान मेट्रो स्टेशन से ऑटो किया १५ रुपये देकर पुराने किले के पास पहुँचे  मेरे मन में काफी समय से इसे देखने की उत्सुकता थी  चलिए इस यात्रा सफर को जारी रखते है  किले के पास उतरकर अंदर पहुंचे क्या खूबसूरत नजारा था एक और सुन्दर झील तो दूसरी और बिशालकाय किला बहुत ही सुंदर दृश्य था आप इसे जाये बिना महसूस नहीं कर सकते कुछेक फोटो लेकर चिड़ियाघर की और चल दिए  


पुराने किले से ही लगी हुई  चहरदीवार चिड़ियाघर की है एन्ट्री गेट पर पहुंचे रबिबार का दिन था इसलिए काफी भीड़ थी दर्शकों की सुविधा के लिए टिकट के काउंटर्स खुले हुए थे मैंने भी एक काउंटर पर जाकर बिना देर किये टिकट लिया पार्क के अंदर पानी की बोतल को छोड़कर अन्य खाने पीने के सामान को ले जाने पर मनाही है चेकिंग के बाद अंदर पहुंचे एक पल को तो ऐसा लगा की जैसे हम दिल्ली में होकर किसी दूर जंगल में गए हों चारो और जंगली जानवरों और पछियों के चित्र नजर रहे थे साथ ही पार्क में घूमने की सुबिधा के लिए यात्रा मैप भी था  




पार्क के अंदर ही यात्रियों की सुबिधा के लिए टूरिस्ट गाइड और ट्रेवल गाड़ियों ही व्यवस्था है आप ६० रुपये (भारतीय नागरिकों के लिए ) देकर इसका आनंद ले सके हैं इस पार्क में १२० से अधिक प्रजाति के विश्व स्तरीय जानवरो और पक्षियों का संग्रह है जिन्हे भारतीय और विदेशी नागरिक भी देखने के लिए आते हैं इस पार्क में घूमते हुए मैंने भी लगभग सभी पशु पछियों के फोटो लिए और इस पार्क भ्रमण का साक्षात लुतफ़ उठाया जंगली बाघ, हाथी , कई तरह के जंगली तोते , हिरन , मोरे , चीतल, मगरमच्छ , घड़ियाल , गैंडा आदि पशु पच्छियों को देखने का अपना अलग ही आनंद रहा था  पार्क में घूमने के बाद करीब   बजे बाहर बापस आकर नास्ता किया और कुछेक और फोटो लिए और सायं तक वापस नोएडा पहुंचे  



पुराना किला और चिड़ियाघर के बारे में और आप नेट से भी पढ़ सकते है लेकिन पार्क का असली आनद बिना भ्रमण किये नही लिया जा सकता आज की इस यात्रा को अब यही विराम देते है और जल्दी ही एक नए सफर पर आपको ले चलेंगे चलिए अब कुछ फोटो के माध्यम से इस यात्रा सफर पर चलते हैं :-


झील और पुराना किला







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